बुधवार, 28 सितंबर 2011

२जी मामले में प्रधानमंत्री जी ने आक्रामक तेवर अपनाते हुए विपक्ष पर आरोप लगाया है की वह समय से पहले चुनाव करवाना चाहता है , साथ ही उन्होंने यह भी दावा किया है की UPA सरकार नहीं गिरेगी और अपना कार्यकाल पूरा करेगी,
प्रधान मंत्री जी अब गिरने - गिराने को बचा ही क्या है ? जबकि नैतिक आधार पर आपकी सरकार कब की गिर चुकी है. अब तक कितने मंत्री आपके गिर चुके हैं और आप कब तक स्वयं को सम्हाल पावोगे कहना मुश्किल है .............बावजूद इसके आपका यह व्यक्तव्य एक हास्यास्पद जोक ( लतीफा ) नहीं तो और क्या है ?

4 टिप्‍पणियां:

  1. Rajniti ke khel nirale... aam janta to bus dekhti rahti hai, samjh kahan paati hain..
    NAVRATRI kee haardik shubhkamnayen!!

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  2. भले ही कोई भी बयान दें ..पर जनता को खुले दिमाग से सोचना चाहिए ... निकृष्ट सरकार को कब तक झेला जा सकता है

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  3. भाकुनी जी, आप तो विद्वान व्यक्ति है, पुरानी कहावत जानते ही हैं कि -"को नृप होई हमें का हानि.." जो अब बदल गयी हैं "..कोऊ नृप होई हमें ही हानि...."
    जब तक बैलट पेपर या वोटिंग मशीन पर '- इनमे से कोई नहीं -' का कालम नहीं जुड़ जाता और वोट पाने का न्यूनतम प्रतिशत तय नहीं किया जाता तब तक हमें झेलना ही होगा और हमें हानि उठानी ही होगी....
    लाख तनाव पाल लो, लाख लिख लो कुछ नहीं होने वाला. बस! आगे आप की मर्जी.

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  4. राजनीति वाले मोटी चमड़ी के होते हैं इन पर कोई असर होने वाला नहीं|

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